الهندية

سورة العنكبوت · 29:25

وَقَالَ إِنَّمَا اتَّخَذْتُمْ مِنْ دُونِ اللَّهِ أَوْثَانًا مَوَدَّةَ بَيْنِكُمْ فِي الْحَيَاةِ الدُّنْيَا ۖ ثُمَّ يَوْمَ الْقِيَامَةِ يَكْفُرُ بَعْضُكُمْ بِبَعْضٍ وَيَلْعَنُ بَعْضُكُمْ بَعْضًا وَمَأْوَاكُمُ النَّارُ وَمَا لَكُمْ مِنْ نَاصِرِينَ

और कहाः तुमने तो अल्लाह को छोड़कर मूर्तियों को प्रेम का साधन बना लिया है अपने बीच, सांसारिक जीवन में, फिर प्रलय के दिन तुम एक-दूसरे का इन्कार करोगे तथा धिक्करोगे एक-दूसरे को और तुम्हारा आवास नरक होगा और नहीं होगा तुम्हारा कोई सहायक।