सूरह 80 · जुज़ 30

Abasa · 80:32

مَتَاعًا لَكُمْ وَلِأَنْعَامِكُمْ

तुम्हारे तथा तुम्हारे पशुओं के लिए।[1]
____________________
1. (24-32) इन आयतों में इन्सान के जीवन साधनों को साक्ष्य के रूप में प्रस्तुत किया गया है जो अल्लाह की अपार दया की परिचायक हैं। अतः जब सारी व्यवस्था वही करता है तो फिर उस के इन उपकारों पर इन्सान के लिये उचित था कि उसी की बात माने और उसी के आदेशों का पालन करे जो क़ुर्आन के माध्यम से अन्तिम नबी मूह़म्मद (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्म) द्वारा परस्तुत किया जा रहा है। (दावतुल क़ुर्आन)

तफ़सीर

तुम्हारे लाभ के लिए और तुम्हारे पशुओं के उपयोग के लिए।

पाठक में खोलें - पूरी सूरह पढ़ें

आपकी भाषा में तफ़सीर

अरबी तफ़सीरें

अनुवाद

सुनें