सूरह 74 · जुज़ 29
Al-Muddaththir · 74:16
كَلَّا ۖ إِنَّهُ كَانَ لِآيَاتِنَا عَنِيدًا
कदापि नहीं। वह हमारी आयतों का विरोधी है।
तफ़सीर
मामला वैसा नहीं है, जैसा उसने समझ लिया है। वह हमारे रसूल पर उतरने वाली हमारी आयतों का विरोधी और उन्हें झुठलाने वाला है।
पाठक में खोलें - पूरी सूरह पढ़ें