सूरह 54 · जुज़ 27
Al-Qamar · 54:46
بَلِ السَّاعَةُ مَوْعِدُهُمْ وَالسَّاعَةُ أَدْهَىٰ وَأَمَرُّ
बल्कि प्रलय उनके वचन का समय है तथा प्रलय अधिक कड़ी और तीखी है।
तफ़सीर
बल्कि क़ियामत, जिसे ये लोग झुठलाते हैं, इनके वादे का समय है, जिसमें इन्हें यातना दी जाएगी। और क़ियामत दुनिया की उस यातना से कहीं अधिक भयानक और कठोर है, जिसका सामना उन्होंने बद्र के दिन किया है।
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