सूरह 18 · जुज़ 15

Al-Kahf · 18:24

إِلَّا أَنْ يَشَاءَ اللَّهُ ۚ وَاذْكُرْ رَبَّكَ إِذَا نَسِيتَ وَقُلْ عَسَىٰ أَنْ يَهْدِيَنِ رَبِّي لِأَقْرَبَ مِنْ هَٰذَا رَشَدًا

परन्तु ये कि अल्लाह[1] चाहे तथा अपने पालनहार को याद करें, जब भूल जायेँ और कहें: संभव है, मेरा पालनहार मुझे इससे समीप सुधार का मार्ग दर्शा दे।
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1. अर्थात भविष्य में कुछ करने का निश्चय करें, तो "इन् शा अल्लाह" कहें। अर्थता यदि अल्लाह ने चाहा तो।

तफ़सीर

परंतु यह कि आप उसके करने को अल्लाह की चाहत के साथ जोड़ दें और यूँ कहें : मैं - इन शा अल्लाह - (यदि अल्लाह चाहे) उसे कल करूँगा। और यदि आप यह कहना भूल जाएँ, तो अपने पालनहार को "इन शा अल्लाह " कह कर याद कर लें और कहें : मुझे आशा है कि मेरा पालनहार मुझे इस मामले से निकटतर मार्गदर्शन और सफलता की राह दिखाएगा।

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