सूरह 12 · जुज़ 12
Yusuf · 12:4
إِذْ قَالَ يُوسُفُ لِأَبِيهِ يَا أَبَتِ إِنِّي رَأَيْتُ أَحَدَ عَشَرَ كَوْكَبًا وَالشَّمْسَ وَالْقَمَرَ رَأَيْتُهُمْ لِي سَاجِدِينَ
जब यूसुफ़ ने अपने पिता से कहाः हे मेरे पिता! मैंने स्वप्न देखा है कि ग्यारह सितारे, सूर्य तथा चाँद मुझे सज्दा कर रहे हैं।
तफ़सीर
(ऐ रसूल) हम आपको सूचना दे रहे हैं कि जब यूसुफ़ ने अपने पिता याक़ूब से कहा : ऐ मेरे पिता! मैंने सपने में ग्यारह सितारे देखे, तथा मैंने सूर्य और चंद्रमा को देखा, मैंने उन सभी को मुझे सजदा करते हुए देखा है। यह दृष्टि (स्वप्न) यूसुफ़ अलैहिस्सलाम के लिए एक अग्रिम शुभसूचना थी।
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