Hindi

Luqman · 31:14

وَوَصَّيْنَا الْإِنْسَانَ بِوَالِدَيْهِ حَمَلَتْهُ أُمُّهُ وَهْنًا عَلَىٰ وَهْنٍ وَفِصَالُهُ فِي عَامَيْنِ أَنِ اشْكُرْ لِي وَلِوَالِدَيْكَ إِلَيَّ الْمَصِيرُ

और हमने आदेश दिया है मनुष्यों को अपने माता-पिता के संबन्ध में, अपने गर्भ में रखा उसे उसकी माता ने दुःख पर दुःख झेलकर और उसका दूध छुड़ाया दो वर्ष में कि तुम कृतज्ञ रहो मेरे और अपनी माता-पिता के और मेरी ओर (तुम्हें) फिर आना है।